पृष्ठ

शनिवार, 28 मार्च 2009

लो भई हम भी बाबा बन गए - "ब्लॉग-बाबा"

आजकल बाबा बनने का फैशन जोरों पर है मेरा मतलब वो सुबह सुबह टीवी पर दिखने वाले बाबा लोगों से नहीं है हमारे विश्विद्यालय में बाबा उनलोगों को कहा जाता है जिन्हें ज्ञान बांटने का शौक होता है ज्ञान बांटने में बाबा लोग दानवीर कर्ण को भी पीछे छोड़ देते हैं मतलब यह की सर्वस्व दान करने से इन्हे संतोष नहीं होता जितना कुछ ये जानते हैं उतना बता चुकने के बाद ये और भी देते हैं, भले ही कृत्रिम ज्ञान क्यों बनाना पड़े हमारे देश में एक अच्छा संस्कार ये है कि लोग कितने भी बुद्धिमान हों अपने को अल्पज्ञानी ही मानते हैं. और यही बाबाओं का प्लस प्वाईंट है क्योंकि वे अपने आपको पूर्ण ज्ञानी बल्कि उससे भी कहीं अधिक समझते हैं तो जब तक दुनिया मेंअल्पज्ञानी लोग जिंदा हैं तब तक बाबाओं की दाल-रोटी तो चलती ही रहेगी

बाबा बनने का इरादा कर लेने के बाद प्रश्न यह उठा कि किस विषय का विशेषज्ञ बना जाए सोचते सोचते लगा कि सबसे अच्छा है "ब्लॉग-बाबा" बनना ब्लोगिंग पर टिप्स बांटो. पहली बात इसमें कोई ख़तरा नहीं है कुछ ग़लत सलत भी बोल गए तो कोई क्या बिगड़ लेगा दूसरी बात इसमें कोई ख़ास मेहनत भी नही है इधर-उधर से उठाया हुआ माल ठेलते रहो; लोग आकर दंडवत करेंगे, टिप्पणी चढाएंगे तीसरा फायदा यह कि ब्लोगिंग उपदेश को पढने हर कोई आता है चाहे वो ख़ुद ही एक बाबा हो या कोई निरा अज्ञानी

तो ब्लॉग-बाबा बनने का निर्णय करने के बाद हमने ब्लोगिंग पर थोड़ी बहुत रिसर्च भी कीरिसर्च मतलब री-सर्च यानि की गूगल पर बार बार सर्च कियादिमाग के धूल पड़े कल पुर्जों को झाड़-पोछ कर काम पर लगायाऔर विश्वास मानिए काम का काफी माल तैयार कर लिया हमने। ब्लोग बनाने से लेकर उसे सजाने-संवारने, पोस्ट लिखने, ट्रैफ़िक बढ़ाने तक हर चीज़ के बारे में। अब आप कहेंगे कि इस पर तो पहले से काफ़ी कुछ उपलब्ध है, तो हमने क्या दुनिया में नया करने का ठेका ले रखा है। हां चीज़ों को कुछ नए तरीके से पेश करने की कोशिश करेंगेअब आपने तो मुझे हलके में ही ले लियाएक बार बाबा को अपना काम तो शुरू करने दीजिये फ़िर देखिये कैसे आपके ब्लॉग रूपी मन्दिर में कैसे पाठक रूपी भक्तों की भीड़ लगाता हूँ और टिप्पणियों का प्रसाद चढ़वाता हूँ

तो भक्तजनों तैयार हो जाइए ब्लॉग प्रवचन के लिए। जल्द ही ब्लोगिंग कथा का प्रथम अध्याय आरम्भ होगा।

8 टिप्पणियां:

  1. ब्लॉग बाबा की जय हो ,
    प्रभु हम तैयार है बस अब आप ज्ञान बाटना शुरू कीजिये .
    कथा के प्रथम अध्याय की प्रतिक्षा में

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  2. aahaa haahaa, achha huaa kab se blogjagat mein kisi divya aatmaa kee prateekhsa thee, bas prabhu adhyaay ke saath saath kuchh aasan vaasan bhee ho jaaye to theek rahe.

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  3. ब्लॉग बाबा के प्रवचनों के इंतज़ार में ....

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  4. यह तो वही घटना हो गई।

    एक अंधे भिखारी ने लिख रहा था कि मैं अंधा हूं पर उसे बामुश्किल भीख मिल रही थी।

    एक युवक आया और उसने उसके नोटिस बोर्ड पर लिख दिया
    जिस दुनिया को आप देख रहे हैं उसे मैं नहीं देख सकता।

    नतीजा उसका कटोरा भीख के कारण ओवर फ्लो कर गया।

    शाम को उस युवक की पदचाप को भिखारी ने पहचाना और पूछा कि उसने नोटिस बोर्ड पर क्‍या लिखा था। युवक ने बतला दिया।

    इससे जाहिर है कि पेश करना वाकई में एक कला है। उस कला में सत्‍यार्थी जी सत के ईश बन गए हैं, हमारी भी बधाई। प्रयोग हमारे ब्‍लॉग से ही शुरू कर सकते हैं। पर किसी भी प्रकार के जोखिम के जिम्‍मेदार सिर्फ वही होंगे।

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  5. जय हो बाबा श्री सतीशचंद्रसत्यार्थी ००००००१ जी की. बाबा अब जल्द ही प्रवचन शुरु करे ताकि .....
    कोई चेला चपटा चाहिये तो बन्दा हाजिर है.
    राधे राधे

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  6. जय हो ब्लॉग बाबा! एक टिप्पणी हम भी चढ़ा रहे हैं, कृपया स्वीकार करें।

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं
  7. helleo,dost tum such me blog baba ban gaye ho, chaliye aise hi likhte rahiye.
    aap jaha se hai vaha ke bare me bhi likhiye,politics aur cinema par bhi kuch likhiye.

    प्रत्‍युत्तर देंहटाएं

आपकी टिप्पणियाँ मेरे लिए आशीर्वाद की तरह हैं जो निश्चय ही मेरा उत्साहवर्धन करेंगी चाहे वो सकारात्मक हों या नकारात्मक.